
राजनांदगांव, छत्तीसगढ़। विधानसभा अध्यक्ष एवं क्षेत्रीय विधायक डॉ. रमन सिंह के विशेष प्रयासों से राजनांदगांव से खैरागढ़ तक की सड़क के चौड़ीकरण को स्वीकृति मिल गई है। कुल 34.4 किलोमीटर लंबे इस मार्ग के चौड़ीकरण कार्य के लिए सीआरएफ (सेंट्रल रोड फंड) से राशि स्वीकृत की गई है, जिसे छत्तीसगढ़ शासन द्वारा अनुमोदन प्रदान किया गया है। इस निर्णय से न केवल क्षेत्रीय यातायात व्यवस्था में सुधार होगा, बल्कि औद्योगिक, सामाजिक और आर्थिक गतिविधियों को भी बल मिलेगा।

वर्तमान में यह सड़क 5.5 मीटर चौड़ी सिंगल लेन है, जो अब 10 मीटर चौड़ी बनाई जाएगी। इस सड़क से खैरागढ़, डोंगरगांव और आसपास के क्षेत्रों को जोड़ने वाले कई गांवों और कस्बों को जोड़ने वाला यह प्रमुख मार्ग है, जिसका उपयोग आमजन के साथ-साथ व्यापारी, किसान और उद्योगपतियों द्वारा किया जाता है।
लंबे समय से इस मार्ग की खस्ताहालत के कारण आए दिन दुर्घटनाएं हो रही थीं। विशेष रूप से खैरागढ़ से कन्हारपुरी तक का मार्ग अत्यधिक संकरा होने के कारण बड़े वाहनों को चलने में कठिनाई होती थी। स्थानीय नागरिकों, जनप्रतिनिधियों और व्यापारियों की लगातार मांग थी कि इस मार्ग को चौड़ा किया जाए ताकि क्षेत्र के विकास को गति मिल सके और आमजन को आवागमन में राहत मिले।

इस स्वीकृति से यह स्पष्ट है कि क्षेत्रीय विकास और जनसुविधाओं के प्रति शासन गंभीर है। सड़क चौड़ीकरण से औद्योगिक इकाइयों को कच्चा माल लाने-ले जाने में सुविधा होगी, वहीं कृषि उत्पादों की भी समय पर बाजार तक पहुंच संभव होगी। इससे किसानों और व्यापारियों को सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा।
डॉ. रमन सिंह ने इस स्वीकृति को केंद्र और राज्य सरकार की जनहितैषी सोच का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि यह मार्ग न केवल खैरागढ़ बल्कि पूरे जिले के लिए एक लाइफलाइन की तरह है, जिसका विकास पूरे क्षेत्र को नई दिशा देगा। सड़क निर्माण के बाद इससे जुड़े क्षेत्रों में रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे।
इस परियोजना के पूरा होने के बाद राजनांदगांव और खैरागढ़ के बीच आवागमन पहले से कहीं अधिक सुगम, सुरक्षित और तेज़ हो जाएगा। यह निर्णय न केवल एक अवसंरचनात्मक परिवर्तन है, बल्कि यह सरकार के “विकास के साथ विश्वास” की नीति का एक और उदाहरण है।
