मानव सेवा का परिचय: शिव शंकर सिंह ने दुर्घटनाग्रस्त व्यक्ति की मदद कर पेश की मिसाल

राजनांदगांव।
फारवर्ड डेमोक्रेटिक लेबर पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष श्री शिव शंकर सिंह ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि सच्चा नेतृत्व केवल मंचों और भाषणों से नहीं, बल्कि अपने कर्मों से दिखाया जाता है। शनिवार को राजनांदगांव-लोहारा मार्ग पर गुरु नानक पेट्रोल पंप के सामने हुए सड़क हादसे में उन्होंने तत्परता और सेवा-भाव का परिचय देकर आमजन का दिल जीत लिया।

दुर्घटना का घटनाक्रम

शनिवार दोपहर के समय लोहारा मार्ग पर एक व्यक्ति सड़क दुर्घटना का शिकार हो गया। घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। कई लोग रुककर तमाशबीन बने रहे, लेकिन ऐसे समय में वहां से गुजर रहे फारवर्ड डेमोक्रेटिक लेबर पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष शिव शंकर सिंह ने बिना देर किए घायल की सहायता के लिए कदम आगे बढ़ाए। उन्होंने मौके पर ही प्राथमिक उपचार की व्यवस्था कराई और तुरंत घायल को अस्पताल पहुंचाने की पहल की।

सेवा-भाव का अद्वितीय उदाहरण

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शिव शंकर सिंह ने किसी परिचय या पहचान का इंतजार नहीं किया। जिस व्यक्ति को उन्होंने मदद पहुंचाई, वह उनके लिए पूरी तरह अजनबी था। इसके बावजूद मानवीय संवेदना दिखाते हुए उन्होंने दुर्घटनाग्रस्त को समय पर सहायता दी। उनकी इस तत्परता से घायल को तुरंत चिकित्सा मिल सकी, जिससे उसकी हालत बिगड़ने से बच गई।

समाज में छवि और जनमानस की प्रतिक्रिया

इस घटना के बाद स्थानीय लोगों ने उनकी जमकर प्रशंसा की। नागरिकों का कहना है कि शिव शंकर सिंह केवल एक राजनीतिक नेता नहीं, बल्कि एक ऐसे सामाजिक कार्यकर्ता हैं जो हमेशा जरूरतमंदों के लिए उपलब्ध रहते हैं। उनका यह कार्य दर्शाता है कि राजनीति केवल सत्ता प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि समाज की सेवा का भी साधन है।

लोगों ने कहा कि आज के दौर में जब अक्सर नेता जनता से दूरी बनाए रखते हैं, ऐसे में शिव शंकर सिंह का यह कदम समाज में एक नई उम्मीद जगाता है। उनके प्रति जनता का विश्वास और अधिक मजबूत हुआ है। कई युवाओं ने उन्हें “सच्चे जननायक” बताते हुए कहा कि ऐसे नेता ही समाज को सकारात्मक दिशा में ले जा सकते हैं।

पुलिस और प्रशासन की भूमिका

दुर्घटना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने भी उनकी सराहना की और यह माना कि उनकी त्वरित मदद से घायल की जान बच सकी। पुलिस ने दुर्घटना से संबंधित आवश्यक कार्रवाई की और घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि शिव शंकर सिंह का योगदान सराहनीय है।

समाज के लिए प्रेरणा

शिव शंकर सिंह का यह कदम केवल एक व्यक्ति की मदद भर नहीं है, बल्कि समाज के लिए एक प्रेरणादायी संदेश है। उन्होंने यह साबित किया कि इंसानियत सबसे ऊपर है और जब भी कोई संकट में हो, तो बिना किसी स्वार्थ के उसकी सहायता करना ही सबसे बड़ी सेवा है।

राजनांदगांव की इस घटना ने यह स्पष्ट कर दिया कि राजनीति में रहते हुए भी मानवीय संवेदना और सेवा-भाव जिंदा रखा जा सकता है। शिव शंकर सिंह का यह कार्य न केवल घायल व्यक्ति के लिए जीवनदान साबित हुआ, बल्कि समाज के लिए यह एक मिसाल भी है। उनकी यह पहल आने वाली पीढ़ियों को यह संदेश देती है कि इंसानियत ही सबसे बड़ा धर्म है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *